रांची शहर बुधवार को जाम से हल्कान रहा। अतिक्रमण हटाने के विरोध में लोगों ने रांची शहर के मुख्य सड़क को जाम कर दिया। स्कूल बस और एम्बुलेंस तक घंटों जाम में फंसे रहे। अतिक्रमणकारियों ने आरोप लगाया है कि बिना नोटिस के लोगों के घरों को तोड़ दिए गए।

राजधानी के पॉस इलाका कहे जाने वाले सुखदेव नगर थानाक्षेत्र में मंगलवार को अतिक्रमण मुक्त कराया गया। जिसके विरोध में बुधवार को सुबह से ही अतिक्रमणकारियों ने पूरे इलाके को जाम कर रोड पर ही प्रदर्शन करने लगे जिससे रातु रोड पर वाहनों की एक लंबी कतार लग गई। स्कूल बस, एम्बुलेंस और दफ्तर जाने वाले लोगों का इस ठंडी में भी पसीना छूट गया।

मंगलवार को अतिक्रमण हटाने का काम हाइकोर्ट के आदेश पर प्रशासन द्वारा सुखदेव नगर थानाक्षेत्र के खादगढ़ा बस स्टैंड के नजदीकी इलाकों और महुआटोली के इलाके में किया गया था। वहां रह रहे लोगों का कहना था कि वो वर्षों से वहां घर बना कर रहते आए हैं। इसके बावजूद प्रशासन की तरफ से कोई नोटिस नहीं दिया गया और एकाएक मंगलवार को अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई। इसके विरोध में रातु रोड के कब्रिस्तान के नजदीक लोगों ने सड़क जाम कर दिया।

पुलिस ने जाम खुलवाने की काफी मस्सकत की। जब लोग नहीं माने तो पुलिस ने यातायात को डायवर्ट किया लेकिन शाम तक जाम की स्थिति बनी रही। प्रशासन का कहना है कि 27 कट्ठे की सरकारी जमीन पर अतिक्रमण हटाने का काम हाईकोर्ट के आदेश पर किया गया है। जिन लोगों के घर अतिक्रमण की जद में आए हैं वो लोग पुनर्वास की मांग कर रहे हैं जिस पर प्रशासन से वार्ता चल रही है।

