कोलकाता की भगदड़ में बुझ गया मुजफ्फरपुर का चिराग! बेटे को बचाने में पिता की भी मौत

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

Advertisements
ad
Advertisements

दर्दनाक हादसे ने छीन ली पिता-पुत्र की जिंदगी, मुजफ्फरपुर में मचा कोहराम

मुजफ्फरपुर/कोलकाता(खबर जिन्दगी): दुर्गा पूजा की रौनक देखने और बेटे की खुशी के लिए कोलकाता पहुंचे एक परिवार की यात्रा दर्दनाक हादसे में बदल गई। पश्चिम बंगाल के कोलकाता स्थित चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में शनिवार शाम हुई भगदड़ में मुजफ्फरपुर के बीबीगंज साकेतपुरी मोहल्ले में रहने वाले अभिषेक श्रीवास्तव (37) और उनके सात वर्षीय बेटे आयुष कुमार श्रीवास्तव की मौत हो गई। हादसे में अभिषेक की पत्नी निभा कुमारी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि उनके रिश्तेदार राजेश श्रीवास्तव भी जख्मी हुए हैं।

बेटे आयुष की जिद पर गए थे कोलकाता

अभिषेक श्रीवास्तव एक दवा कंपनी में मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (एमआर) के रूप में काम करते थे। वह मूल रूप से साहेबगंज प्रखंड के पिपरा राघो गांव के निवासी थे और परिवार के साथ मुजफ्फरपुर के बीबीगंज साकेतपुरी मोहल्ले में किराए के मकान में रहते थे।

Advertisements
Advertisements
Advertisements

परिजनों ने बताया कि आयुष दुर्गा पूजा देखने के लिए उत्साहित था। बेटे की इच्छा पूरी करने के लिए अभिषेक अपनी पत्नी और बेटे के साथ शुक्रवार को कोलकाता पहुंचे थे। वहां वे अपने साढ़ू राजेश कुमार श्रीवास्तव के घर पर ठहरे हुए थे।

बारिश से बचने के लिए लिया पंडाल का सहारा

शनिवार शाम करीब 5:30 बजे अभिषेक अपने परिवार और रिश्तेदारों के साथ दुर्गा प्रतिमाओं के दर्शन के लिए निकले थे। इसी दौरान चोरबागान इलाके में तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए परिवार के सदस्य चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में चले गए।

इसी दौरान वहां भगदड़ मच गई। भीड़ के बीच फंसे परिवार के सदस्यों को संभलने का मौका नहीं मिला। हादसे में अभिषेक और आयुष की मौत हो गई, जबकि निभा कुमारी गंभीर रूप से घायल हो गईं। राजेश श्रीवास्तव को भी चोटें आई हैं। परिजनों के मुताबिक, उनके सीने में चोट लगी है और एक पसली टूट गई है।

बेटे को बचाने की कोशिश में पिता की गई जान

इस हादसे का सबसे दर्दनाक पहलू पिता और बेटे की मौत से जुड़ा है। परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, भगदड़ के समय निभा कुमारी और आयुष साथ थे। अफरा-तफरी के बीच दोनों की चीख-पुकार सुनकर अभिषेक बेटे को बचाने के लिए आगे बढ़े। उन्होंने आयुष को भीड़ से बचाने की जन्म’लोककोशिश की, लेकिन भीड़ के दबाव में दोनों बुरी तरह फंस गए। इस दौरान पिता-पुत्र की जान चली गई।

अस्पताल से शव ले मुजफ्फरपुर लौटे परिजन

हादसे की सूचना मिलने के बाद मुजफ्फरपुर में रह रहे परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों के बीच अफरा-तफरी मच गई। परिजन कोलकाता पहुंचे और अस्पताल में आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव प्राप्त किए।
रिश्तेदार सोनू श्रीवास्तव के अनुसार, परिवार के सदस्य रविवार शाम को शव लेकर मुजफ्फरपुर के लिए रवाना हो गए थे। इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

एक महीने पहले मां को खोया

परिजनों के मुताबिक, अभिषेक के परिवार पर पहले ही दुखों का पहाड़ टूट चुका था। करीब एक महीने पहले उनकी मां का निधन हो गया था। अब कोलकाता के हादसे में अभिषेक और उनके बेटे आयुष की मौत ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।

अभिषेक दो भाइयों में बड़े थे। उनके छोटे भाई अंकित श्रीवास्तव एक निजी कंपनी में काम करते हैं। परिवार के लिए यह हादसा ऐसा नुकसान बन गया है, जिसकी भरपाई संभव नहीं है।

साकेतपुरी मोहल्ले में पसरा मातम

पिता-पुत्र की मौत की खबर सामने आने के बाद बीबीगंज के साकेतपुरी मोहल्ले में शोक का माहौल है। अभिषेक अपने परिवार के साथ यहां किराए के मकान में रहते थे। हादसे के बाद परिवार के सदस्यों के कोलकाता चले जाने के कारण घर बंद है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें

Advertisements