नगर निगम के अधिकारी नागरिकों से लगा रहे गुहार..अब तो हटा लो तार
मुजफ्फरपुर स्मार्ट सिटी किसी और क्षेत्र में तो स्मार्ट बन न पाई अब पोल पर झूलते बिजली के तारों को हटाने के लिए नागरिकों से गुहार लगा रही है। मुजफ्फरपुर को स्मार्ट बनाने की कोशिश में शहर के प्रमुख क्षेत्रों जैसे बैंक रोड, सुत्ता पट्टी, गोदाम गली, लहठी बाजार एवं कंपनी बाग में फेसलिफ्टिंग परियोजना के अंतर्गत भूमिगत विद्युत केबलिंग का कार्य एक वर्ष पहले ही पूर्ण कर लिया गया। निसंकोच यह नगर निगम की एक बेहतरीन परियोजना है। इसके बावजूद घरों और दुकानों में अब तक कनेशन नहीं दिया गया। यह नगर निगम और बिजली विभाग की चूक है।
स्मार्ट सिटी एवं नगर निगम प्रशासन परियोजना पूर्ण होने के बाद कई बार नागरिकों, दुकानदारों एवं संबंधित एजेंसियों (पता नहीं कौन सी एजेंसी) से अपील कर चुकी है। इसके साथ ही पूर्व में दो बार विशेष अभियान चलाकर ओवरहेड केबल हटाने की कार्रवाई भी की गई। ठीक है कि इन्होंने केबल हटाई होगी लेकिन तस्वीरों में दिख रहा पोल पर तारों का मकड़जाल कब का है, नगर निगम खुद नहीं बता पाएगा। लेकिन नगर निगम.. मुजफ्फरपुर के निवासियों के ऊपर इल्जाम लगाने से नहीं चूक रहा जिसमें नगर निगम खुद स्वीकार कर रहा है कि कुछ लोगों द्वारा बार-बार केबल टांग दिए जा रहे हैं।
वैसे नगर निगम ने जनहित एवं सार्वजनिक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक बार फिर सभी संबंधित लोगों को 10 दिनों का समय दिया है, ताकि वे अपने ओवरहेड केबल स्वयं हटना सुनिश्चित करें। अगर नहीं हटाते हैं तो नगर निगम द्वारा नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। एक दम सही कहा है नगर निगम ने। बिजली का कनेशन तो बिजली विभाग के आदमी करेंगे या नगर निगम। भाई जब केबलिंग हो गई तो कनेक्शन देने में क्या समस्या। पोल पर जो बिजली सप्लाई है, उसे काट दे। घरों में बिजली विभाग जब स्मार्ट मीटर लगाने लगे तो क्या स्वेच्छा से लोगों ने लगवाया था..??
इस संबंध में उप नगर आयुक्त अमित कुमार ने कहा कि “भूमिगत विद्युतिकरण का कार्य स्मार्ट सिटी द्वारा एक वर्ष पहले पूरा हो चुका है। इसके बाद भी बार-बार केबल टांगे जाना गंभीर सुरक्षा जोखिम है। दो बार अभियान चलाकर केबल हटाए गए, फिर भी स्थिति दोहराई जा रही है। अतः नागरिकों का सहयोग अत्यंत आवश्यक है।”
नगर निगम मुजफ्फरपुर एवं स्मार्ट सिटी सभी नगरवासियों, दुकानदारों एवं भवन स्वामियों से पुनः अपील करता है कि वे नियमों का पालन करें और शहर को सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं सुंदर बनाए रखने में निगम प्रशासन का सहयोग करें।








