रेलवे के सभी लोकोपायलट अपनी 10 सूत्री मांगों को लेकर 2 दिसंबर से 2 दिनों के लिए भूख हड़ताल पर जाने वाले हैं। इनकी सबसे मुख्य मांग है किलोमीटर भत्ते में 25 प्रतिशत की बढ़ोतरी।
आगामी 2 दिसंबर को रेलवे के रनिंग लोकोपायलट अगले 2 दिन यानी 48 घंटे के लिए भूख हड़ताल पर जाने वाले हैं। यह हड़ताल ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन (एआईएलआरएसए) द्वारा कॉल किया गया है। इनकी 10 ऐसी मांगे है जिसपर इन्होंने कई बार उच्चाधिकारियों को अवगत कराया है लेकिन अब तक सरकार की तरफ से इनके मांगों पर कोई उचित कदम नहीं उठाया गया है। जिसके कारण ये 2 दिसंबर से हड़ताल पर जाने को बाध्य हुए।
रेलवे प्रशिक्षण संस्थान मुज़फ्फरपुर में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे चालकों ने भी इस हड़ताल का समर्थन किया है। इन प्रशिक्षणार्थी चालकों ने 48 घंटे उपवास पर रहने की सुचना प्रिंसिपल को दे दिया है। इस दौरान सभी लोकोपायलट भूखे रहकर ट्रेन चलाएंगे। जिससे इनके स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ने की संभावना है। साथ ही इनकी एकाग्रता पर भी बुरा असर पड़ सकता है।
इनकी जो मांगे है वो निम्न प्रकार है
साप्ताहिक विश्राम 16+30 घंटे, outstation विश्राम 8+2 घंटे और मुख्यालय विश्राम 16+2 घंटे करने की मांग
किलोमीटर भत्ते की 70 प्रतिशत भाग आयकरमुक्त
मेल/एक्सप्रेस में कार्य को 6 घंटे और मालगाड़ी में 8 घंटे तक सुनिश्चित करना
रात्रिकालीन सेवा 2 दिनों से ज्यादा नहीं
रनिंग स्टाफ की 36 घंटे में मुख्यालय वापसी
अब ये देखना होगा कि सरकार आगे इस पर कैसा रुख अख्तियार करती है। वैसे ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन (एआईएलआरएसए) ने आगाह किया है कि अगर सरकार की तरफ से कोई जवाब नहीं आता हैं तो हड़ताल आगे तक भी खींच सकता है।








