निरक्षरता को अभिशाप के तौर मानते हुए सरकारों ने समय समय अनेक योजनाएं शुरू की। इसी तरह समाज में भी कई ऐसे लोग और संस्थाओं ने भी साक्षरता को बढ़ावा देने के लिए कई ऐसे काम किए जिससे निरक्षरता समाप्त हो।
इसी कड़ी में बिहार के मुजफ्फरपुर में कई ऐसी संस्थाएं साक्षरता के लिए आगे आईं जिन्होंने गरीब बेसहारा और समाज के उपेक्षित बच्चों को साक्षर बनाने में अपनी अहम भूमिका निभाई। इनमें से एक बिहार के मुजफ्फरपुर के कन्हौली पुलिस चौकी परिसर में शुरू हुई पुलिस पाठशाला है जहां रेड लाइट एरिया के 200 से ज्यादा बच्चे पढ़ते हैं। और अपनी बुनियाद को मजबूत करते हुए खुली आंखों से भविष्य के सपने गढ़ते हैं।
रेडलाइट के वह बच्चे जो कल तक स्कूल से भी नहीं जुड़े थे, वे आज पढ़ाई के साथ अलग अलग गतिविधि से भी जुड़े हैं। जिसके तहत पुलिस पाठशाला में आज बच्चों द्वारा विज्ञान प्रदर्शनी का भव्य आयोजन किया गया। प्रदर्शनी में बच्चों ने अपनी रचनात्मकता, वैज्ञानिक सोच का शानदार प्रदर्शन किया। विज्ञान प्रदर्शनी में बच्चों द्वारा नेशनल सिंबल ऑफ इंडिया, वॉटर साइकिल, मेरा भारत महान, क्विज बोर्ड (गणित), विज्ञान मॉडल (लंग्स व किडनी), शौर्य मंडल, वॉटर प्यूरिफिकेशन सिस्टम सहित कई उपयोगी और ज्ञानवर्धक प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए गए। उपस्थित अतिथियों ने बच्चों की प्रतिभा की सराहना की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इसके पश्चात क्रिसमस डे के अवसर पर बच्चों ने केक काटकर उत्सव मनाया। इस अवसर पर डीएसपी बबीता सिंह ने सभी बच्चों को क्रिसमस डे टोपी भेंट कर उनका उत्साहवर्धन किया। इन बच्चों के लिए काम करने वाली रेडलाइड इलाके की रहने वाली नसीमा और पुलिस पाठशाला के पुलिसकर्मियों की मेहनत इन बच्चों के सर्वांगीण विकास के रूप में दिख रही है।
इस मौके पर मुजफ्फरपुर के सिटी एसपी कोटा किरण, अहियापुर डीएसपी बिनीता सिन्हा, नगर थाना प्रभारी एसएचओ कमलेश कुमार, फादर एंड्रयू (आशा दीप), नाका कांस्टेबल रवि राणा, जितेंद्र कुमार, वरिष्ठ रंगकर्मी स्वाधीन दास, पाले खान, गुड्डू निषाद, गोपाल फलक, शिक्षक हरी शंकर पाठक और शिक्षक अरविंद कुमार सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।









