बाल दिवस के दिन यानी 14 नवंबर को तय होगा कि बिहार का मुख्यमंत्री कौन होगा। बिहार विधानसभा चुनाव की मतगणना 14 को सुबह 8 बजे से शुरू होगी। मतगणना से पूर्व मुजफ्फरपुर जिला प्रशासन सुरक्षा और पारदर्शिता को लेकर पूरी तरह सतर्क है। बाजार समिति स्थित बज्रगृह एवं मतगणना केंद्र को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुरूप तैयार किया गया है। प्रवेश द्वार पर कड़ाई से फ्रिस्किंग की व्यवस्था है। अनाधिकृत व्यक्तियों का प्रवेश वर्जित है।
बज्रगृह की निगरानी के लिए दर्जनों सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनकी फुटेज नियंत्रण कक्ष में लगातार मॉनिटर की जा रही है। चौबीसों घंटे इसकी सुरक्षा होती रहे, इसके लिए मजिस्ट्रेट और पुलिस बल के साथ-साथ केंद्रीय अर्द्धसैनिक बल के जवानों की तैनाती शिफ्टों में की गई है। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के उम्मीदवारों के प्रतिनिधियों द्वारा भी बज्रगृह की लगातार निगरानी की जा रही है। यह व्यवस्था न केवल सुरक्षा की पारदर्शिता को सुनिश्चित करती है, बल्कि उम्मीदवारों के विश्वास को भी मजबूत करती है।
निर्वाचन विभाग, बिहार पटना के अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी अमित पांडे ने रविवार को जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन तथा वरीय पुलिस अधीक्षक श्री सुशील कुमार के साथ बज्रगृह एवं मतगणना केंद्र का स्थलीय निरीक्षण किया तथा सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के वज्रगृह में स्थापित सीसीटीवी कैमरा मॉनिटरिंग की व्यवस्था के साथ-साथ नियंत्रण कक्ष से लेकर प्रवेश द्वार तक सभी सुरक्षा स्तरों का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मतगणना दिवस तक सतर्कता में कोई कमी नहीं होनी चाहिए
निरीक्षण के दौरान अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने सभी विधानसभा क्षेत्रों के उम्मीदवारों के प्रतिनिधियों से भी विस्तृत बातचीत की और उनसे सुरक्षा व्यवस्था के बारे में फीडबैक प्राप्त किया। सभी प्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन द्वारा की गई सुरक्षा मानकों के अनुरूप सुदृढ़ एवं पारदर्शी व्यवस्था पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि “प्रशासन द्वारा सीसीटीवी तथा तीन पाली में मजिस्ट्रेट एवं पुलिस बल की ड्यूटी लगाई गई है और हम लोग स्वयं लगातार निगरानी कर रहे हैं। सुरक्षा की सभी व्यवस्था सुदृढ़ एवं पारदर्शी है।”
जिला निर्वाचन पदाधिकारी सुब्रत कुमार सेन एवं वरीय पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार प्रतिदिन बाजार समिति पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा ले रहे हैं। इस दौरान वज्रगृह की सुरक्षा व्यवस्था के साथ मतगणना दिवस पर भीड़ प्रबंधन, प्रवेश नियंत्रण, मीडिया कवरेज तथा प्रत्याशी प्रतिनिधियों के आवागमन से संबंधित सभी प्रोटोकॉल का पालन हो। हर विधानसभा क्षेत्र के निर्वाची पदाधिकारी भी अपने-अपने स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था की प्रतिदिन निरंतर निगरानी कर रहे हैं।
जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने सभी विधानसभा क्षेत्रों के निर्वाची पदाधिकारी, कोषांगों के नोडल अधिकारी और वरीय पदाधिकारी के समक्ष कहा कि हमारा उद्देश्य मतगणना प्रक्रिया को शुद्ध, पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना है। सभी व्यवस्थाएं भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप हैं और सुरक्षा को लेकर कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
मुजफ्फरपुर के बाजार समिति स्थित बज्रगृह सुरक्षा का अभेद्य किला बन चुका है। कड़ी सुरक्षा, सीसीटीवी मॉनिटरिंग, प्रत्याशी प्रतिनिधियों की निगरानी और प्रशासन की सक्रिय भूमिका ने यह तय कर दिया है कि मतगणना दिवस पूरी तरह सुरक्षित, शांतिपूर्ण , पारदर्शी और निष्पक्ष माहौल में संपन्न होगा








