
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की मुख्यालय टीम के द्वारा 30 अप्रैल को 2 जगहों पर धावा दल द्वारा करवाई की गई, जिसमें दो रिश्वतखोर कर्मचारी जिसमें एक पुलिस अधिकारी और एक किरानी निगरानी के हत्थे चढ़े। जब शासन का भय खत्म होता है तो कर्मचारियों के रिश्वत की लालच बढ़ जाती है।
पहली घटना समस्तीपुर से जुड़ा है जहां निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम द्वारा अनिल राम, लिपिक, अनुमंडलीय अस्पताल, रोसड़ा, जिला समस्तीपुर को 1,00,000/- (एक लाख) रुपये रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है। इसमें देवेन्द्र मंडर, पिता– स्व0 ठीठर मंडर, सा0–शहरू, पो0–रन्ना, थाना–शिवाजीनगर, जिला– समस्तीपुर द्वारा निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, बिहार, पटना के कार्यालय में शिकायत दर्ज कराया गया था कि आरोपी लिपिक के द्वारा बकाया वेतन, वेतन अंतर राशि जो कुल मिलाकर 37,00,000/- रु0 होता है, का भुगतान तथा पेंशन संबंधित कार्य करने के एवज में रिश्वत की मांग की जा रही है।
ब्यूरो द्वारा प्राप्त शिकायत का सत्यापन कराया गया जिसमें आरोपी द्वारा रिश्वत मांगे जाने का प्रमाण पाया गया। इसके बाद FIR थाना कांड सं0–050/26, दिनांक 29.04.2026 में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस उपाधीक्षक संजय कुमार, निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, पटना के नेतृत्व में कार्रवाई करते हुए अभियुक्त अनिल राम, लिपिक, अनुमंडलीय अस्पताल, रोसड़ा, जिला– समस्तीपुर को 1,00,000/- (एक लाख) रुपये रिश्वत लेते हुए थाना– रोसड़ा, जिला–समस्तीपुर स्थित अनुमंडल चौक के निकट मुख्य सड़क से गिरफ्तार किया गया है। अभियुक्त से पूछताछ के उपरांत माननीय विशेष न्यायालय, निगरानी, मुजफ्फरपुर में उपस्थापित किया जायेगा। अग्रतर अनुसंधान की कार्रवाई की जा रही है।
दूसरी घटना में तो एक पुलिस वाला ही रिश्वत के फेरे में निगरानी के हत्थे चढ़ गया। निगरानी ब्यूरो के द्वारा बताया गया कि श्री शमशाद आलम, पिता- स्व0 अली हसन, सा0- चुड़ी मार्केट, जहाजी कोठी, पटना-3, थाना- कद्मकुओं, जिला- पटना द्वारा निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, बिहार, पटना के कार्यालय में शिकायत दर्ज कराया गया था कि आरोपी (पुलिस अवर निरीक्षक-सह-सहायक थाना प्रभारी) के द्वारा कद्मकुओं थाना कांड संख्या-315/26 में फँसाने का भय दिखाकर रिश्वत की माँग की जा रही है।
ब्यूरो द्वारा प्राप्त शिकायत का सत्यापन कराया गया जो सही पाया गया। इसके बाद पुलिस उपाधीक्षक आदित्य राज, निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, पटना के नेतृत्व में अर्जुन यादव, पुलिस अवर निरीक्षक-सह-अपर थानाध्यक्ष, कद्मकुओं, जिला- पटना को 7,000/- (सात हजार) रुपये रिश्वत लेते हुए थाना कद्मकुओं, जिला- पटना स्थित बुद्ध मूर्ति के निकट जस्टिस राज किशोर पथ से गिरफ्तार किया गया है। अभियुक्त से पूछताछ के उपरांत माननीय विशेष न्यायालय, निगरानी, पटना में उपस्थापित किया जायेगा। अग्रतर अनुसंधान की कार्रवाई की जा रही है।










