उमेश कांत गिरि. ब्यूरो प्रभारी घाटशिला. झारखंड.
घाटशिला: जमशेदपुर के बिष्टुपुर स्थित बार के बाहर हुई चर्चित हिंसक घटना के बाद पूर्वी सिंहभूम जिले में होटलों और बारों की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठने लगे हैं। इसी क्रम में घाटशिला क्षेत्र के कई होटलों और रिसॉर्ट में नियमों के उल्लंघन का आरोप लगाते हुए स्थानीय लोगों ने प्रशासन से व्यापक जांच की मांग की है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि घाटशिला में लाइसेंस प्राप्त बार नहीं होने के बावजूद कुछ होटल और रिसॉर्ट रात के समय कथित रूप से बार की तरह संचालित किए जाते हैं। आरोप है कि यहां शराब परोसने के साथ-साथ मनोरंजन के लिए डांसर उपलब्ध कराने जैसी गतिविधियां भी होती हैं। कुछ स्थानों पर बिना आवश्यक दस्तावेजों के कमरे उपलब्ध कराने के भी आरोप लगाए जा रहे हैं।
लोगों का कहना है कि राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे स्थित कुछ रिसॉर्ट और नदी किनारे संचालित होटल-रिसॉर्ट में नियमों की अनदेखी की जा रही है। उनका आरोप है कि संबंधित विभागों द्वारा नियमित जांच नहीं होने के कारण ऐसी गतिविधियां बेखौफ जारी हैं। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन, उत्पाद विभाग और पुलिस से संयुक्त टीम बनाकर सभी होटलों और रिसॉर्ट की जांच कराने तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
यह मांग ऐसे समय उठी है जब 27 जून 2026 की रात जमशेदपुर के बिष्टुपुर स्थित एक बार के बाहर हुए चाकूबाजी कांड में करणी सेना नेता हिमांशु कुमार सिंह की मौत हो गई थी, जबकि एक अन्य युवक गंभीर रूप से घायल हो गया था। इस घटना के बाद राज्य सरकार ने कार्रवाई करते हुए संबंधित जिलों के पुलिस अधीक्षकों को निलंबित कर दिया था।
हालांकि, घाटशिला के जिन होटलों और रिसॉर्ट पर आरोप लगाए जा रहे हैं, उनके संबंध में प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि या कार्रवाई की जानकारी सामने नहीं आई है। समाचार लिखे जाने तक संबंधित होटल संचालकों का पक्ष भी प्राप्त नहीं हो सका है। यदि उनका पक्ष प्राप्त होता है, तो उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।









